Sunday, 29 December 2013

अश्क



"रातों में गर न अश्क बहाऊँ तो क्या करूँ 
एक पल भी उसको न भुला पाऊँ तो क्या करूँ" 

"मैंने सुना है उनको अंधरे नहीं पसंद

राहों में अब मैं दिल न जलाऊं तो क्या करूँ"

"तुम्ही कहो कि छोड़ दे जब ज़िन्दगी भी साथ 

फिर मौत को गले न लगाऊं तो क्या करूँ"

"सोचा तो था कि छोड़ दूं उसकी गली अभी  
लेकिन कहीं क़रार न पाऊँ तो क्या करूँ"   













Saturday, 14 December 2013

शमा

 
    
"शमा जलाए रखना जब तक कि मैं न आऊँ 
   खुद  को बचाए रखना जब तक कि मै न आऊँ"

"ये वक्ते इम्तेहान है  सबरो करार दिल का
  आँसू छुपाए रखना जब तक कि मै न आऊं"

"हम तुम्हे  मिलेंगे  ऐसे जैसे जुदा नहीं थे 
सांसे बचाए रखना जब तक कि मैं न आऊँ" 











Sunday, 8 December 2013

शुक्रिया

"ग़ज़ल  ब्लॉग पर 200 पोस्ट हो जाने  की ख़ुशी में हम अपने सभी

  VIEWERS का तहे दिल से शुक्रिया अदा करते हैं" 

-सदफ़ नक़वी 
I AM VERY HAPPY AND THANKFUL TO ALL MY VIEWERS OF GHAZAL BLOG ON COMPLETING 200 POSTS.
-Sadaf Naqvi.